
रायपुर। CG DASTAK
राजधानी रायपुर में कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से पुलिस कमिश्नरेट द्वारा शुक्रवार को पुलिस लाइन ग्राउंड में बड़े स्तर पर बलवा (रायट कंट्रोल) ड्रिल का आयोजन किया गया। इस अभ्यास में करीब 595 पुलिस अधिकारी और कर्मचारियों ने हिस्सा लिया।

करीब दो घंटे तक चले इस विशेष प्रशिक्षण के दौरान जवानों को दंगा, हिंसक प्रदर्शन, भीड़ नियंत्रण और आपात परिस्थितियों से निपटने की तकनीकों का अभ्यास कराया गया। जवानों को अलग-अलग दलों में बांटकर अश्रु गैस दल, लाठी पार्टी, केन पार्टी और रायफल पार्टी के माध्यम से चरणबद्ध कार्रवाई का प्रशिक्षण दिया गया।

ड्रिल के दौरान अतिरिक्त पुलिस आयुक्त अमित तुकाराम कांबले ने परेड की सलामी ली और अधिकारियों-जवानों के अनुशासन, वर्दी तथा उपकरणों का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि ऐसे नियमित अभ्यास का उद्देश्य पुलिस बल को किसी भी आपात स्थिति, हिंसक भीड़ और उपद्रव के दौरान त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई के लिए तैयार रखना है।
इस दौरान पुलिस अधिकारियों और जवानों को नए आपराधिक कानूनों भारतीय न्याय संहिता (BNS) और भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) के प्रावधानों की भी जानकारी दी गई। उन्हें बताया गया कि कानून-व्यवस्था की स्थिति में कार्रवाई करते समय वैधानिक प्रक्रियाओं का पालन किस प्रकार किया जाए।

पुलिस कमिश्नरेट के अनुसार, इस अभ्यास का मुख्य उद्देश्य जवानों में अनुशासन, टीमवर्क और नेतृत्व क्षमता का विकास करना तथा किसी भी संवेदनशील परिस्थिति में बेहतर समन्वय स्थापित करना है।
प्रमुख अधिकारी रहे मौजूद
ड्रिल के दौरान अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (यातायात) डी.आर. पोर्ते, सहायक पुलिस आयुक्त (यातायात) रमेश येर्रेवार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे और अभ्यास का निरीक्षण कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।










