
दुर्ग। CG DASTAK
जिले के अहिवारा स्थित मेसर्स मानिक मेडिकल स्टोर्स का औषधि लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया गया है। यह कार्रवाई औषधि अनुज्ञापन प्राधिकारी एवं सहायक औषधि नियंत्रक के निर्देश पर की गई। जांच के दौरान मेडिकल स्टोर में मिली एमटीपी (मेडिकल टर्मिनेशन ऑफ प्रेग्नेंसी) किट के संबंध में संचालक कोई वैध रिकॉर्ड या दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका।
औचक निरीक्षण में मिली अनियमितता

जानकारी के अनुसार, 16 जून को सहायक औषधि नियंत्रक और औषधि निरीक्षक की टीम ने बस स्टैंड के सामने स्थित मेडिकल स्टोर का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अन्य दवाओं के साथ एक एमटीपी किट बरामद हुई, लेकिन उसके क्रय-विक्रय से संबंधित कोई वैध बिल या अभिलेख उपलब्ध नहीं कराया गया।
नोटिस के बाद भी नहीं दिए दस्तावेज
निरीक्षण के बाद 24 जून को मेडिकल स्टोर संचालक को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। 30 जून को दिए गए जवाब में भी संचालक संबंधित दवा के खरीद-बिक्री संबंधी वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। इसे औषधि एवं प्रसाधन सामग्री अधिनियम तथा संबंधित नियमों का गंभीर उल्लंघन मानते हुए 6 जुलाई को मेडिकल स्टोर का लाइसेंस निरस्त कर दिया गया।
दवा विक्रेताओं को चेतावनी
सहायक औषधि नियंत्रक ने जिले के सभी मेडिकल स्टोर संचालकों को चेतावनी दी है कि एमटीपी किट सहित संवेदनशील दवाओं का भंडारण, खरीद और बिक्री केवल निर्धारित कानूनी प्रावधानों के तहत ही करें। नियमों का उल्लंघन करने वाले प्रतिष्ठानों के विरुद्ध भविष्य में भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।










