
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश सरकार ने शिक्षा के क्षेत्र में एक बड़ा कदम उठाया है।5000 शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया को वित्तीय स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। इस निर्णय से प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को नई दिशा और मजबूती मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव ने कहा कि यह निर्णय मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की प्राथमिकताओं में शामिल उस संकल्प का हिस्सा है, जिसमें उन्होंने हर बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण और सुलभ शिक्षा पहुँचाने की बात कही थी।
उन्होंने कहा — “शिक्षकों की कमी लंबे समय से शिक्षा प्रणाली को प्रभावित कर रही थी। यह भर्ती न केवल शिक्षण व्यवस्था को सुदृढ़ करेगी, बल्कि प्रदेश के युवाओं के लिए रोजगार के हजारों नए अवसर भी उपलब्ध कराएगी।”
मंत्री यादव ने इस निर्णय के लिए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और वित्त मंत्री ओपी चौधरी का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि भर्ती प्रक्रिया पूर्ण पारदर्शिता और योग्यता आधारित प्रणाली से संचालित की जाएगी।
विशेष रूप से ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों में शिक्षकों की उपलब्धता बढ़ाने पर ध्यान दिया जाएगा, ताकि प्रदेश के हर बच्चे को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके।
शिक्षा मंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल पदों की पूर्ति नहीं, बल्कि एक मजबूत, सक्षम और प्रेरणादायी शिक्षण तंत्र का निर्माण करना है।
उन्होंने अभ्यर्थियों से अपील की कि वे उत्साह और विश्वास के साथ तैयारी करें, क्योंकि यह भर्ती प्रदेश के शैक्षणिक भविष्य को नई ऊँचाइयों तक ले जाएगी।










