
रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजनीति में इन दिनों पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के एक बयान ने हलचल मचा दी है। रविवार को बिलासपुर जिले के कोटा में विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे बघेल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान केंद्रीय जांच एजेंसियों की कार्रवाई को लेकर तीखी टिप्पणी की।
पूर्व सीएम ने कहा— “देश की जनता जान चुकी है कि ईडी और सीबीआई का इस्तेमाल राजनीतिक लाभ के लिए विपक्षी दलों को टारगेट करने में किया जा रहा है। नेता बदनाम हो, यही मंशा है। मुझसे यह उम्मीद की जा रही है कि मैं भी भाजपा में चला जाऊं। डरने वाले शरणागत हुए, लेकिन मैं हिमंता बिस्वा सरमा थोड़ी हूं।”
यह बयान उन्होंने उन अटकलों के बीच दिया, जिनमें दावा किया जा रहा था कि बघेल भाजपा में शामिल हो सकते हैं।
सीएम विष्णुदेव साय का पलटवार
भूपेश बघेल के इस बयान पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा— “यह कानूनी प्रक्रिया है। अगर कोई व्यक्ति किसी अपराध में फंसेगा तो कार्रवाई होगी ही। कानून सभी के लिए बराबर है।”
बघेल का बयान और साय की प्रतिक्रिया से साफ है कि आने वाले दिनों में छत्तीसगढ़ की राजनीति में और बयानबाज़ी देखने को मिलेगी।










