
जिस मौत को परिवार हादसा मान रहा था, पुलिस जांच में सामने आई कथित प्रेम प्रसंग, बीमा रकम और हत्या की साजिश की कहानी
उत्तर प्रदेश के मेरठ से एक ऐसा मामला सामने आया है जिसने पूरे देश को हैरान कर दिया है। एक स्कूल संचालक की मौत को पहले सामान्य हादसा माना जा रहा था, लेकिन पुलिस जांच में जो कहानी सामने आई, उसने सभी को चौंका दिया।

पुलिस का दावा है कि यह कोई साधारण सांप के डसने की घटना नहीं थी, बल्कि पहले से रची गई एक कथित साजिश थी, जिसमें प्रेम संबंध, 20 लाख रुपये का बीमा और हत्या की पूरी प्लानिंग शामिल थी।
आखिर उस रात हुआ क्या?
मेरठ के हस्तिनापुर क्षेत्र में रहने वाले अतुल पंवार अपनी पत्नी दामिनी के साथ कृष्णा किड्स पब्लिक स्कूल का संचालन करते थे। शुक्रवार सुबह परिवार को जानकारी मिली कि अतुल की मौत सांप के डसने से हो गई है।
कमरे में एक जहरीला सांप भी मिला, जिससे पहली नजर में मामला हादसे जैसा लग रहा था। लेकिन घटनास्थल की परिस्थितियों और कुछ संदिग्ध तथ्यों ने पुलिस को शुरुआत से ही शक में डाल दिया।
पुलिस जांच में खुली कथित साजिश
पुलिस ने जब मोबाइल कॉल डिटेल, चैट और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की जांच की तो मामला पूरी तरह बदल गया।
जांच में कथित तौर पर सामने आया कि मृतक की पत्नी दामिनी और स्कूल के ड्राइवर तुषार उर्फ निक्की के बीच प्रेम संबंध थे। पुलिस का दावा है कि दोनों ने अतुल को रास्ते से हटाने की योजना बनाई थी।
आरोप है कि घटना वाली रात अतुल को दूध में अधिक मात्रा में नींद की गोलियां मिलाकर दी गईं। जब वह गहरी नींद में चला गया, तब कथित रूप से दो अन्य लोगों की मदद से कमरे में जहरीला सांप छोड़ दिया गया।
पुलिस का दावा है कि सांप के डसने के बाद इसे प्राकृतिक हादसा दिखाने की कोशिश की गई।
20 लाख का बीमा भी जांच के घेरे में
जांच में यह भी सामने आया कि अतुल पंवार के नाम करीब 20 लाख रुपये का बीमा था।
पुलिस के अनुसार, प्रारंभिक जांच में यह आशंका भी सामने आई है कि बीमा की राशि हासिल करने और बाद में साथ रहने की योजना के तहत यह कथित साजिश रची गई।
पहले भी की गई थी हत्या की कोशिश?
पुलिस का दावा है कि यह पहली कोशिश नहीं थी। जांच में यह भी सामने आया है कि करीब 20 दिन पहले कार से टक्कर मारकर अतुल की हत्या की कथित कोशिश की गई थी, लेकिन उस समय वह बच गए थे।
इस खुलासे के बाद पूरा मामला और भी सनसनीखेज हो गया है।
मोबाइल में मिली सांप की तस्वीर
मेरठ के एसएसपी अविनाश पांडे के अनुसार, तकनीकी जांच के दौरान आरोपियों के मोबाइल फोन से डिब्बे में बंद सांप की तस्वीर भी मिली है।
पूछताछ में कथित तौर पर यह भी सामने आया कि सांप सपेरों से खरीदा गया था। बरामद सांप को जांच के लिए भेज दिया गया है और मामले की विस्तृत जांच जारी है।
पूरे देश में चर्चा का विषय बना मामला
मेरठ की यह घटना सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है। लोग इसे “स्नेक मर्डर मिस्ट्री” और “सांप वाला मर्डर केस” कहकर चर्चा कर रहे हैं।
हालांकि पुलिस द्वारा लगाए गए सभी आरोप जांच और पूछताछ के आधार पर हैं। मामले में अंतिम सच्चाई अदालत में सुनवाई और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही स्पष्ट होगी।










