
भानुप्रतापपुर/कांकेर। CG DASTAK
भानुप्रतापपुर/कांकेर। छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में इलाज के नाम पर नाबालिग छात्रा के साथ कथित यौन शोषण का गंभीर मामला सामने आया है। पुलिस के अनुसार, शिकायत में गांव के एक बैगा पर नाबालिग को इलाज के बहाने अपने घर बुलाने और उसके साथ दुष्कर्म करने के आरोप लगाए गए हैं। मामले में पुलिस ने 44 वर्षीय आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं, जिला प्रशासन ने जांच समिति गठित करते हुए छात्रावास की अधीक्षिका और संकुल समन्वयक को कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
छात्रावास में बिगड़ी तबीयत, अस्पताल में गर्भावस्था की जानकारी
मामला ताड़ोकी थाना क्षेत्र का है। पीड़िता भानुप्रतापपुर के एक छात्रावास में रहकर पढ़ाई करती थी। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, 16 अक्टूबर 2026 की रात उसकी तबीयत बिगड़ गई। इसके बाद छात्रावास की अधीक्षिका ने परिजनों को सूचना दी।
परिजन छात्रा को उपचार के लिए अंतागढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे। वहां जांच के दौरान उसके गर्भवती होने की जानकारी सामने आई। इसके बाद सोनोग्राफी कराई गई, जिसमें गर्भ लगभग पांच महीने का होने की बात बताई गई। इस जानकारी के बाद परिजनों ने छात्रा से पूछताछ की, तब कथित यौन शोषण का मामला सामने आया।
पेट दर्द की शिकायत पर बैगा के पास ले गए थे परिजन
पुलिस के मुताबिक, अप्रैल 2026 में छात्रा को पेट दर्द की शिकायत हुई थी। इसके बाद परिजन उसे गांव के 44 वर्षीय रमेश पिस्दा के पास इलाज के लिए लेकर गए थे। आरोपी के गांव में बैगा-गुनिया के रूप में काम करने के साथ एक स्कूल में रसोइया होने की भी जानकारी सामने आई है।
शिकायत के अनुसार, आरोपी ने छात्रा को बच्चेदानी में परेशानी होने की बात कही थी और उसे एक ताबीज दिया था। आरोप है कि इसके बाद वह इलाज के बहाने अलग-अलग अवसरों पर नाबालिग को अपने घर बुलाने लगा।
नशीली दवा देकर बेहोश करने का भी आरोप
पीड़िता के बयान के मुताबिक, आरोपी कथित तौर पर उसे नशीली दवा देकर बेहोश कर देता था। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि इसी दौरान उसके साथ दुष्कर्म किया जाता था। इन आरोपों की जांच पुलिस कर रही है। मामले में लगाए गए आरोपों और घटनाक्रम से जुड़े सभी तथ्यों की पुष्टि जांच एवं न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही हो सकेगी।
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया
परिजनों की शिकायत पर 18 अक्टूबर 2026 को ताड़ोकी थाने में मामला दर्ज किया गया। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 64(1), 64(2)(m) और 65(1) तथा पॉक्सो अधिनियम की धारा 4 और 6 के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू की।
पुलिस ने 19 अक्टूबर 2026 को ग्राम आमागांव निवासी रमेश कुमार पिस्दा (44) को गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के बाद उसे न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड की प्रक्रिया अपनाई गई।
कलेक्टर ने गठित की जांच समिति
मामले में जिला प्रशासन ने भी कार्रवाई की है। जिला कलेक्टर कुंदन कुमार ने जांच समिति गठित की है। भानुप्रतापपुर के एसडीएम अनिकेत फडतारे के नेतृत्व में समिति मामले से जुड़े तथ्यों की जांच करेगी।
इसके साथ ही छात्रावास की अधीक्षिका और संकुल समन्वयक को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। जांच में छात्रावास स्तर पर सामने आने वाले तथ्यों और संबंधित जिम्मेदारियों की पड़ताल की जाएगी।
नाबालिग की सुरक्षा और देखभाल अहम
मामले में पुलिस जांच जारी है। नाबालिग की सुरक्षा, आवश्यक चिकित्सकीय सहायता, देखभाल और संरक्षण सुनिश्चित करना महत्वपूर्ण है। साथ ही, छात्रावास में उसकी स्थिति और संबंधित अधिकारियों की भूमिका से जुड़े तथ्यों की जांच भी की जा रही है।

नोट: पीड़िता नाबालिग है, इसलिए उसकी पहचान उजागर करने वाली जानकारी प्रकाशित नहीं की जानी चाहिए।
छत्तीसगढ़ की ताजा खबरों के लिए पढ़ें www.cgdastak.com
CG Dastak | हर खबर, सीधा सच!









