
महासमुंद। छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले में धान बेचने के लिए टोकन नहीं कटने की समस्या ने एक किसान को इतना परेशान कर दिया कि उसने खेत में ही अपने गले पर ब्लेड चला लिया। घटना ग्राम सेनभाठा की है। गंभीर रूप से घायल किसान को पहले बागबाहरा के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और फिर वहां से महासमुंद मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है। अब उसे रायपुर भेजने की तैयारी की जा रही है।
घायल किसान की पहचान मनबोध गांडा (65 वर्ष) के रूप में हुई है।

घटना कैसे हुई?
जानकारी के अनुसार, किसान मनबोध गांधी सुबह लगभग 8 बजे घर से गाय चराने निकला था। इसी दौरान खेत में उसने ब्लेड से अपने गले पर वार कर लिया। पास के ग्रामीणों ने उसे खून से लथपथ हालत में देखा और तुरंत परिजनों को सूचना दी।

112 एंबुलेंस की मदद से उसे उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया।
टोकन कटवाने चक्कर काट रहा था किसान
परिजनों व ग्रामीणों के अनुसार, किसान पिछले तीन दिनों से च्वाइस सेंटर के चक्कर काट रहा था, ताकि धान बेचने के लिए टोकन कटवा सके।
किसान के पास 1 एकड़ 40 डिसमिल भूमि है। लगातार टोकन न मिलने और धान की खरीदी में हो रही देरी से परेशान होकर उसने यह चरम कदम उठाया।
अस्पताल सूत्रों के मुताबिक, उसकी हालत नाजुक बनी हुई है और बेहतर उपचार के लिए रायपुर रेफर किया जा रहा है।
प्रशासन पर उठ रहे सवाल
घटना से किसानों में नाराजगी बढ़ गई है। ग्रामीणों का कहना है कि धान खरीदी सिस्टम में हो रही देरी व तकनीकी समस्याओं के कारण किसानों को लगातार परेशान होना पड़ रहा है। मनबोध गांडा भी कई दिनों से सेंटर के चक्कर लगा रहा था, लेकिन टोकन नहीं कट पाया।
प्रशासन ने मामले की जानकारी मिलने के बाद जांच शुरू कर दी है।










