
दुर्ग। छत्तीसगढ़ में DMF घोटाले के तार अब तेजी से फैलते नजर आ रहे हैं। बुधवार सुबह एसीबी-ईओडब्ल्यू की टीम ने मेघ गंगा ग्रुप के संचालक मनीष पारख के ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की। बताया जा रहा है कि यह कार्रवाई डिस्ट्रिक्ट मिनरल फंड (DMF) से जुड़े घोटाले के संदिग्ध लेनदेन की जांच के तहत की गई है।
सूत्रों के अनुसार, जांच टीम ने मनीष पारख के आवास और ऑफिस में कई घंटे तक तलाशी अभियान चलाया। इस दौरान महत्वपूर्ण दस्तावेज, कंप्यूटर हार्ड डिस्क, मोबाइल और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जब्त किए गए हैं। जांच अधिकारी इन दस्तावेजों का बारीकी से विश्लेषण कर रहे हैं।
गौरतलब है कि मनीष पारख का नाम पहले भी सुर्खियों में रह चुका है। उनके नेहरू नगर स्थित इमेज डायग्नोसिस सेंटर (लाइफ केयर) में एक डॉक्टर पर गर्भवती महिला से छेड़छाड़ का मामला सामने आया था। उस समय भी मामले ने काफी विवाद खड़ा किया था।
एसीबी-ईओडब्ल्यू की ताजा कार्रवाई से दुर्ग के व्यापारिक और ठेकेदार वर्ग में हड़कंप मच गया है। जांच एजेंसी ने अभी कार्रवाई की पुष्टि तो की है, लेकिन मामले से जुड़े विस्तृत दस्तावेज और जब्त की गई वस्तुओं की जानकारी फिलहाल सार्वजनिक नहीं की गई है।










