
रायपुर। दिवाली के बाद आमतौर पर आसमान में पटाखों के धुएं का गुबार छा जाता है, लेकिन इस बार छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में नजारा कुछ अलग ही देखने को मिला। दिवाली की रात पटाखे जरूर जले, मगर हवा में उनका असर नहीं दिखा। 21 अक्टूबर 2025 की सुबह रायपुर का आसमान सामान्य दिनों की तुलना में ज्यादा साफ नजर आया और हवा में ताजगी महसूस की गई।
कलेक्ट्रेट चौक स्थित एयर मॉनिटरिंग सिस्टम के अनुसार, रायपुर का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 102 दर्ज किया गया, जो सामान्य श्रेणी में आता है। यह आंकड़ा बताता है कि इस बार दिवाली के पटाखों से हवा में कोई खास प्रदूषण नहीं हुआ।
विशेषज्ञों का मानना है कि बीती रात चली तेज हवाओं ने प्रदूषण फैलाने वाले धुएं को उड़ा दिया। हवा में सल्फर डाइऑक्साइड का स्तर 16.46 माइक्रोग्राम प्रति घनमीटर और कार्बन मोनोऑक्साइड का स्तर 0.98 माइक्रोग्राम प्रति घनमीटर दर्ज किया गया — जो सुरक्षित माने जाते हैं।
गौरतलब है कि AQI स्तर 0 से 50 तक ‘बेहतर’, 51 से 100 ‘संतोषजनक’, 101 से 200 ‘सामान्य’, 201 से 300 ‘खराब’, 301 से 400 ‘बहुत खराब’ और 400 से ऊपर ‘गंभीर’ माना जाता है। इस मानक के अनुसार रायपुर की हवा इस बार सामान्य और सुरक्षित है।
यानी इस दिवाली रायपुर ने साबित किया कि पटाखों के बीच भी साफ हवा संभव है — अगर मौसम और जिम्मेदारी दोनों साथ हों।










